आया था किस काम को, तू सोया चादर तान ।
सुरत सम्भाल ए गाफिला, अपना आप पहचान ॥
आए हैं सो जाएँगे, राजा रंक फकीर ।
एक सिंहासन चढ़ि चले, एक बँधे जात जंजीर ॥
सुरत सम्भाल ए गाफिला, अपना आप पहचान ॥
आए हैं सो जाएँगे, राजा रंक फकीर ।
एक सिंहासन चढ़ि चले, एक बँधे जात जंजीर ॥
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